Whitelist या Monitored: इनमें क्या अंतर है, और कब कौन-सी सूची इस्तेमाल करनी चाहिए?
अंतर सरल है, लेकिन बहुत महत्वपूर्ण है:
- Whitelist = ऐप पर स्थायी भरोसा। वह भविष्य की scans से बाहर हो जाती है और संभावित threat के रूप में फिर नहीं दिखाई जाती।
- Monitored = ऐप अभी के लिए स्वीकार है, लेकिन निगरानी में रहती है। यदि बाद में नए anomalies, threats या बदले हुए patterns मिलते हैं, तो वह फिर results में दिखाई दे सकती है।
यदि आप किसी ऐप पर पूरी तरह भरोसा करते हैं, तो Whitelist चुनें। यदि अभी कुछ संदेह है लेकिन ऐप फिलहाल रखना चाहते हैं, तो Monitored अधिक सुरक्षित विकल्प है।